13 अगस्त तक दावे-आपत्तियां दर्ज करने का मौका,
नाम और विवरण जांचने की अपील,
देहरादून। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के क्रम में मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम के नेतृत्व में उत्तराखंड में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम के दूसरे चरण की शुरुआत हो गई है। इस संबंध में अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदंडे ने मीडिया सेंटर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में विस्तृत जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि एसआईआर के प्रथम चरण के पूर्ण होने के बाद प्रदेश के 71,33,785 मतदाताओं के नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल किए गए हैं। उन्होंने सभी मतदाताओं से अपील की कि वे ड्राफ्ट मतदाता सूची में अपना नाम, पता, आयु और अन्य विवरणों की सावधानीपूर्वक जांच कर लें। ड्राफ्ट सूची सीईओ कार्यालय की वेबसाइट www.ceo.uk.gov.in के साथ-साथ डीईओ, ईआरओ और बीएलओ स्तर पर भी उपलब्ध कराई गई है।
डॉ. जोगदंडे ने बताया कि जिन मतदाताओं की जानकारी में विसंगति पाई गई है या जिन्होंने अंतिम एसआईआर मैपिंग संबंधी विवरण नहीं भरा है, उन्हें बीएलओ के माध्यम से नोटिस जारी किए जा रहे हैं। नोटिस मिलने के बाद मतदाताओं को जवाब देने के लिए पर्याप्त समय दिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि सभी विधानसभा क्षेत्रों में एईआरओ और ईआरओ स्तर पर नोटिसों की सुनवाई की व्यवस्था की गई है। बूथ स्तर पर बीएलओ और अन्य अधिकारी दस्तावेजों का सत्यापन कर अपनी रिपोर्ट तैयार करेंगे। मैदानी क्षेत्रों में मतदाताओं की सुविधा के लिए बूथ या उसके निकट कैंप लगाने के निर्देश भी जिलाधिकारियों और निर्वाचन अधिकारियों को दिए गए हैं।
अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि 14 जुलाई से 13 अगस्त 2026 तक मतदाता फार्म-6, फार्म-7 और फार्म-8 के माध्यम से दावे और आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं। 14 जुलाई से 11 सितंबर 2026 तक नोटिसों की सुनवाई और दावे-आपत्तियों का निस्तारण किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि यदि कोई मतदाता निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी (ईआरओ) के निर्णय से संतुष्ट नहीं होता है, तो वह दो सप्ताह के भीतर संबंधित जिलाधिकारी कार्यालय में अपील कर सकता है। जिलाधिकारी के निर्णय से भी असंतुष्ट होने की स्थिति में मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम के प्रावधानों के तहत अपील का प्रावधान है।
डॉ. जोगदंडे ने बताया कि जिन पात्र नागरिकों का नाम अभी तक मतदाता सूची में शामिल नहीं है, वे फार्म-6 भरकर अपना नाम दर्ज करा सकते हैं। आवेदन ऑफलाइन माध्यम से संबंधित बीएलओ के पास या ऑनलाइन ईसीआई-नेट ऐप के जरिए किया जा सकता है। वहीं फार्म-7 के माध्यम से नाम हटाने तथा फार्म-8 के जरिए नाम, पता या अन्य विवरणों में संशोधन कराया जा सकता है। वर्तमान में फार्म-6 और फार्म-8 के साथ एनेक्चर-4 भरना अनिवार्य किया गया है।






