spot_img
spot_img
HomeDehradunउत्तराखंड के इतिहास का स्वर्णिम अध्याय : उनियाल

उत्तराखंड के इतिहास का स्वर्णिम अध्याय : उनियाल

उत्तराखंड विधानसभा के रजत जयंती विशेष सत्र में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के ऐतिहासिक संबोधन पर प्रदेशभर में प्रतिक्रिया व्यक्त की जा रही है। संसदीय कार्य मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि यह क्षण राज्य की लोकतांत्रिक यात्रा में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज होने वाला गौरवशाली पल है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति का संबोधन केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि उत्तराखंड को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में प्रेरक संदेश है।
सुबोध उनियाल ने कहा कि राज्य की 25 वर्ष की यात्रा में कांग्रेस और भाजपा दोनों को शासन का अवसर मिला है, और अब समय है कि सभी दल मिलकर अगले 25 वर्षों का विकास रोडमैप तैयार करें। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में उत्तराखंड को भी अग्रणी भूमिका निभानी होगी।

आत्ममंथन और जनता के विश्वास पर खरा उतरने की प्रेरणा: सुमित

हल्द्वानी विधानसभा क्षेत्र के विधायक सुमित हृदयेश ने कहा कि यह अवसर पूरे प्रदेश के लिए गौरव और आत्ममंथन का पल है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2015 के बाद पहली बार विधानसभा को राष्ट्रपति का संबोधन सुनने का अवसर मिला है।
सुमित हृदयेश ने कहा कि राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में राज्य की भौगोलिक परिस्थितियों, सेना, किसान और मातृशक्ति की भूमिका पर विशेष बल दिया, जो समाज के हर वर्ग को प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि अब जरूरी है कि यह चिंतन किया जाए कि राज्य गठन का उद्देश्य कितना पूरा हुआ है।
उन्होंने वर्तमान सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि आज युवा वर्ग बेरोजगारी की मार झेल रहा है, सरकार स्थाई रोजगार देने में विफल रही है और केवल संविदा पर नौकरी देकर अपनी पीठ थपथपा रही है।
विधायक हृदयेश ने कहा कि राष्ट्रपति का संबोधन जनता के विश्वास को मजबूत करने और उत्तराखंड को नई दिशा देने वाला साबित होगा।

RELATED ARTICLES
-Advertisement-spot_img
-Advertisement-spot_img
- Advertisment -spot_img

Most Popular